शेयर बाजार में भारी दबाव, एक हफ्ते में निवेशकों को बड़ा झटका

📍 बिजनेस डेस्क | मार्केट राउंड-अप

भारतीय शेयर बाजार के लिए बीता सप्ताह काफी चुनौतीपूर्ण रहा। लगातार पांच कारोबारी सत्रों में बाजार में बिकवाली हावी रही, जिससे निवेशकों की संपत्ति में बड़ी गिरावट दर्ज की गई। सप्ताह के अंत तक सेंसेक्स और निफ्टी दोनों ही दबाव में बंद हुए।


🔻 सेंसेक्स-निफ्टी में तेज गिरावट

📊 मार्केट डेटा डेस्क

शुक्रवार को सेंसेक्स करीब 600 अंकों से अधिक टूटकर 83,500 के आसपास बंद हुआ, जबकि निफ्टी में भी लगभग 200 अंकों की कमजोरी देखी गई और यह 25,600 के नीचे फिसल गया।
पूरे सप्ताह के दौरान सेंसेक्स में कुल मिलाकर करीब 2200 अंकों की गिरावट दर्ज की गई, वहीं निफ्टी में करीब 2.5 प्रतिशत की कमजोरी आई।


🏦 बैंकिंग, मिड-कैप और स्मॉल-कैप पर असर

🧾 सेक्टर वॉच डेस्क

निफ्टी बैंक इंडेक्स भी दबाव में रहा और इसमें सैकड़ों अंकों की गिरावट देखने को मिली।
इसके साथ ही मिड-कैप और स्मॉल-कैप शेयरों में भी बिकवाली हावी रही, जिससे बाजार की चौड़ाई कमजोर नजर आई। बीएसई के टॉप-30 शेयरों में से अधिकांश लाल निशान में बंद हुए।


💸 निवेशकों की संपत्ति में बड़ी कमी

💰 वेल्थ ट्रैकर डेस्क

लगातार गिरावट के चलते बीएसई का कुल मार्केट कैप कई लाख करोड़ रुपये घट गया।
पिछले पांच सत्रों में निवेशकों की कुल संपत्ति में करीब 13 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा की कमी दर्ज की गई, जो बाजार में बने दबाव को साफ दर्शाता है।


🌍 गिरावट के पीछे ये बड़े कारण

🌐 ग्लोबल फैक्टर्स डेस्क

  • रूस से तेल आयात को लेकर अमेरिका की सख्त व्यापार नीति से जुड़ी चिंताएं
  • डोनाल्ड ट्रंप से जुड़े टैरिफ फैसलों को लेकर अनिश्चितता
  • विदेशी निवेशकों की लगातार बिकवाली
  • वैश्विक बाजारों से मिले कमजोर संकेत
  • कच्चे तेल की कीमतों में तेजी और भू-राजनीतिक तनाव

इन सभी कारणों ने मिलकर भारतीय बाजार में सतर्कता और दबाव को बढ़ाया।


🔮 आगे बाजार की दिशा क्या होगी?

📝 निष्कर्ष डेस्क

विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले दिनों में वैश्विक संकेत, विदेशी निवेशकों की गतिविधियां और अमेरिका से जुड़े नीतिगत फैसले बाजार की चाल तय करेंगे। फिलहाल निवेशकों के बीच सतर्क रुख बना हुआ है और उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है।

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