विभाग: 🌐 अंतर्राष्ट्रीय समाचार / रक्षा और सुरक्षा
मध्य पूर्व में ईरान और अमेरिका के बीच तनाव गंभीर स्तर पर पहुंच गया है। अमेरिका ने ईरान पर संभावित सैन्य कार्रवाई के संकेत दिए थे, लेकिन अंतिम समय में ऐसा कोई हमला नहीं हुआ। ईरान ने कहा कि वह किसी भी आक्रामकता का निर्णायक जवाब देने के लिए तैयार है।
🔹 स्थिति का हाल
- अमेरिकी नौसेना का विमानवाहक पोत USS अब्राहम लिंकन और तीन विध्वंसक पोत ईरानी जलक्षेत्र की ओर बढ़े।
- अमेरिका के पास टोमाहॉक क्रूज मिसाइलों से लैस युद्धपोत और लड़ाकू विमान मौजूद हैं।
- राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि ईरान की स्थिति “अस्थिर” है और उन्होंने क्षेत्र में विशाल नौसैनिक बेड़ा तैनात किया।
🔹 ईरान की प्रतिक्रिया
- ईरानी अधिकारियों ने अमेरिकी मीडिया में आए संदेशों और संपर्कों को खारिज किया।
- ईरान ने अमेरिका और इज़राइल को कड़ा और निर्णायक जवाब देने की चेतावनी दी।
- तेहरान की ओर से गुप्त कूटनीतिक संपर्क की अटकलें तेज हुईं, लेकिन आधिकारिक तौर पर कोई संदेश नहीं भेजा गया।
🔹 संभावित विकल्प और रणनीति
- न्यूयॉर्क टाइम्स के अनुसार, अमेरिका के पास कई विकल्प मौजूद हैं:
- युद्धपोत और क्रूज मिसाइल
- मध्य पूर्व में तैनात लड़ाकू विमान
- अमेरिकी अधिकारी कहते हैं कि आदेश मिलने पर 1-2 दिन में कार्रवाई संभव है।
- क्षेत्रीय विशेषज्ञ चेतावनी दे रहे हैं कि हमला होने पर ईरान और उसके सहयोगियों द्वारा जोابی कार्रवाई की संभावना बढ़ जाएगी।
💡 निष्कर्ष:
मध्य पूर्व में तनाव बढ़ता जा रहा है, लेकिन फिलहाल संभवित हमले को टाला गया है। दोनों देशों के बीच कूटनीति और सैन्य रणनीति पर निगाहें लगी हुई हैं।
